₹1,700 करोड़ नेटवर्थ, 13% CAGR… भरोसे की बनी बुलंद पहचान
वित्तीय समावेशन की पाठशाला
भारतीय ऋण बाज़ार (Debt Market) में तीन दशकों से भरोसे और मजबूती का पर्याय बनी पीएनबी गिल्ट्स लिमिटेड ने अपना 30वां स्थापना दिवस पूरे उत्साह के साथ मनाया। 3 जुलाई 2026 को आयोजित समारोह ने कंपनी की उस शानदार यात्रा को यादगार बना दिया, जिसने सरकारी प्रतिभूति (G-Sec) बाज़ार को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
1996 में शुरुआत, आज टॉप-10 में दबदबा
वर्ष 1996 में स्थापित पीएनबी गिल्ट्स ने ट्रेज़री मैनेजमेंट, मार्केट मेकिंग और डेट कैपिटल मार्केट सेवाओं में अपनी अलग पहचान बनाई। आज कंपनी भारत के शीर्ष 10 ऋण पूंजी बाज़ार संस्थानों में मजबूती से शामिल है।
आंकड़े जो बताते हैं असली ताकत
₹1,700 करोड़ से अधिक नेटवर्थ, 25 वर्ष की सफल स्टॉक एक्सचेंज लिस्टिंग और 1997 से 2026 तक 13% CAGR—ये आंकड़े केवल विकास नहीं, बल्कि निवेशकों के अटूट भरोसे और मजबूत वित्तीय प्रबंधन की कहानी बयां करते हैं।
डिजिटल भविष्य पर बड़ा दांव
समारोह में पंजाब नेशनल बैंक के एमडी एवं सीईओ अशोक चंद्र तथा पीएनबी गिल्ट्स के एमडी एवं सीईओ पारीद सुनील समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि तकनीक, डिजिटलाइजेशन और मजबूत जोखिम प्रबंधन के बल पर कंपनी आगे भी भारतीय ऋण बाज़ार को नई दिशा देने और वित्तीय समावेशन को गति देने के लिए प्रतिबद्ध रहेगी।
भरोसे की विरासत, विकास का संकल्प
तीन दशक पूरे करने वाली पीएनबी गिल्ट्स ने साबित कर दिया है कि दूरदृष्टि, अनुशासन और पारदर्शिता के साथ वित्तीय संस्थान केवल कारोबार ही नहीं, बल्कि देश की आर्थिक नींव भी मजबूत करते हैं।
Vittiya Samaveshan Ki Pathshala
