पहली तिमाही में ₹5,332 करोड़ का शुद्ध लाभ, एनपीए में और गिरावट
वित्तीय समावेशन की पाठशाला समाचार पटल
सार्वजनिक क्षेत्र के यूनियन बैंक ऑफ इंडिया ने वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में मजबूत वित्तीय प्रदर्शन दर्ज करते हुए ₹5,332 करोड़ का शुद्ध लाभ अर्जित किया है। बैंक के निदेशक मंडल ने 30 जून 2026 को समाप्त तिमाही के वित्तीय परिणामों को मंजूरी प्रदान कर दी है।
कारोबार 23.79 लाख करोड़ के पार
बैंक का कुल कारोबार वर्ष-दर-वर्ष 7.46 प्रतिशत बढ़कर ₹23.79 लाख करोड़ पहुंच गया। सकल अग्रिमों में 12.50 प्रतिशत की प्रभावशाली वृद्धि के साथ यह ₹10.96 लाख करोड़ हो गया, जबकि कुल जमा ₹12.83 लाख करोड़ रही।
राम पोर्टफोलियो ने दिखाई मजबूती
रिटेल, कृषि और एमएसएमई (RAM) क्षेत्र बैंक की वृद्धि का प्रमुख आधार बने रहे। इस श्रेणी में कुल 11.56 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई। रिटेल ऋण 12.06 प्रतिशत, एमएसएमई ऋण 16.49 प्रतिशत तथा कृषि ऋण में भी उल्लेखनीय विस्तार दर्ज किया गया। घरेलू अग्रिमों में RAM की हिस्सेदारी 57.31 प्रतिशत रही।
एनपीए में लगातार सुधार
बैंक की परिसंपत्ति गुणवत्ता और मजबूत हुई है। सकल एनपीए घटकर 2.65 प्रतिशत तथा शुद्ध एनपीए 0.47 प्रतिशत पर आ गया। वहीं प्रोविजन कवरेज अनुपात बढ़कर 95.05 प्रतिशत पहुंच गया, जो बैंक की मजबूत जोखिम प्रबंधन क्षमता को दर्शाता है।
पूंजी और लाभप्रदता दोनों मजबूत
बैंक का सीआरएआर 18.46 प्रतिशत तथा सीईटी-1 अनुपात 16.38 प्रतिशत रहा। शुद्ध ब्याज आय 10.15 प्रतिशत बढ़कर ₹10,037 करोड़ पहुंच गई, जबकि परिचालन लाभ 15.83 प्रतिशत बढ़कर ₹8,003 करोड़ रहा। आस्तियों पर प्रतिलाभ (ROA) 1.36 प्रतिशत और इक्विटी पर प्रतिलाभ (ROE) 17.23 प्रतिशत दर्ज किया गया।
वित्तीय समावेशन को नई गति
यूनियन बैंक ने प्रधानमंत्री जनधन योजना के तहत 3.45 करोड़ खाते खोलकर ₹15,943 करोड़ की जमा जुटाई है। पहली तिमाही में पीएमजेजेबीवाई के 2.23 लाख, पीएमएसबीवाई के 6.70 लाख और अटल पेंशन योजना के 2.39 लाख नए नामांकन किए गए। महिला उद्यमियों के लिए यूनियन नारी शक्ति योजना के अंतर्गत ₹321 करोड़ के 1,817 ऋण स्वीकृत किए गए, जबकि हरित ऊर्जा और ग्रीन वाहन वित्तपोषण में भी बैंक ने उल्लेखनीय विस्तार दर्ज किया।
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